हिन्दुस्तान जिं़क की चार इकाईयों रामपुरा आगुचा खान, राजपुरा दरीबा खान, जावर माइंस और दरीबा स्मेल्टर को वर्ष 2017-18 में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए  बिड़ला आॅडिटोरियम जयपुर में आयोजित राज्य स्तरीय 24वें भामाशाह सम्मान समारोह में पुरस्कृत किया गया।

समारोह में विधान सभा अध्यक्ष कैलाश मेघवाल, शिक्षा राज्य मंत्री प्रो.वासुदेव देवनानी, शासन सचिव नरेश पाल गंगवाल, निदेशक माध्यमिक शिक्षा नथमल डिडेल, प्रारंभिक शिक्षा बिकानेर श्याम सिंह राजपुरोहित ने सम्मानित किया। समारोह में भामाषाह, षिक्षा अधिकारी एवं अन्य गणमान्य अतिथि मौजूद थे। हिन्दुस्तान जिंक के रामपुरा आगुचा खाॅन की ओर से यह पुरस्कार सहप्रबंधक सीएसआर दलपत सिंह चैहान, रूचिका नरेश चावला, राजपुरा दरीबा खान से महाप्रबंधक प्रशासन कर्नल केजीके चैधरी, सहप्रबंधक अभय गौतम, जावर माइंस से सह-प्रबंधक सीएसआर अरूणा चीता, नैरूति संघवी एवं देबारी स्मेल्टर से सहप्रबंधक बुद्धिप्रकाश पुष्करणा एवं जरनेन फातिमा ने ग्रहण किया।
उल्लेखनीय है कि रामपुरा आगुचा खान द्वारा आसपस के क्षेत्र में शैक्षिक उन्नयन हेतु 3.36 करोड़, राजपुरा दरीबा खान द्वारा 6.65 करोड़, जावर माइंस द्वारा 62 लाख एवं देबारी स्मेल्टर द्वारा 53 लाख राशि का योगदान किया गया।
इन कार्यो में राजकीय माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में गणित, अंगे्रजी, व विज्ञान विषयाध्यापकों की अतिरिक्त व्यवस्था, विद्यालयों का जीर्णोद्धार, नंदघरों का निर्माण, आईआईटी हेतु कोचिंग, छात्राओं को रिंगस महाविद्यालय में उच्च शिक्षा हेतु सहयोग, पुस्तकालय व प्रयोगशाला हेतु फर्नीचर एवं सुरक्षा उपकरण, अध्यापको के अध्ययन हेतु पुस्तकें एवं अध्ययन सामग्री, राजकीय अध्यापको हेतु कार्यषाला, ग्रीष्मकालीन प्रषिक्षण शिविर, शिक्षा संबंल के अन्तर्गत नियुक्त किये गये अध्यापकों का आमुखीकरण प्रशिक्षण, बाल कल्याण केन्द्र के छात्र छात्राओं को, शुद्ध पेयजल, गणवेश वितरण, ब्लाॅक स्तरीय खेलकुद प्रतियोगिताओं में सहयोग, ब्लाॅक स्तरीय विज्ञान मेले में आर्थीक सहयोग, अलग अलग राजकीय विद्यालयों में कक्षा कक्षो का निर्माण, बालीकाओं एवं बालकों के लिए शोचालय का निर्माण, ट्युबवेल लगवाने का कार्य, ग्रिन बोर्ड उपलब्ध कराना, विद्यालयों की छतों पर वाटर प्रुफींग का कार्य, भुमीगत टेंक का निर्माण, जिलों के 3089 आंगनवाडी केन्द्रो पर शालापुर्व शिक्षा, स्वास्थ्य परिक्षण किया जा कर शैक्षिक उन्नयन हेतु सहयोग किया गया है।